हाल ही में खबर आई है कि डोनाल्ड ट्रंप ने अपने राजनीतिक अभियान और शपथ ग्रहण समारोह के लिए बड़ी रकम में चंदा जुटाया। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस आयोजन के लिए दुनियाभर से करोड़ों डॉलर की रकम मिली। सोशल मीडिया और कुछ ऑनलाइन पोस्ट्स में दावा किया गया कि ट्रंप ने सालभर में 18 हजार करोड़ रुपए का चंदा लिया और इसके बदले में बड़े लोगों को लाभ पहुंचाया। लेकिन यह दावा सत्यापित स्रोतों से पुष्ट नहीं हुआ है

 

फोटो कर्टसी : हिंदुस्तान टाइम्स
फोटो कर्टसी : हिंदुस्तान टाइम्स

सत्यापित रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिका में राष्ट्रपति के शपथ ग्रहण समारोह के लिए लगभग 17 करोड़ अमेरिकी डॉलर का चंदा जुटाया गया था। यह एक आम राजनीतिक प्रक्रिया है और इसके जरिए ट्रंप के अभियान को वित्तीय समर्थन मिला। इस आयोजन में किसी विशेष व्यक्ति या कंपनी को लाभ देने की आधिकारिक जानकारी नहीं है। सोशल मीडिया पर फैली खबरों में सुंदर पिचाई और सत्या नडेला जैसे भारतवंशी नाम भी शामिल बताए गए, लेकिन इनका चंदा देने या किसी फायदा लेने से कोई सीधा संबंध नहीं है।

विश्लेषकों का कहना है कि बड़े राजनीतिक नेताओं के अभियान के लिए धन जुटाना आम बात है और इसे लेकर अक्सर अफवाहें फैल जाती हैं। चंदा देने वालों की पहचान और राजनीतिक लाभ का दावा हमेशा आधिकारिक रूप से पुष्टि नहीं किया जाता। इसलिए इस तरह की खबरों को सावधानी के साथ पढ़ना और अफवाहों पर भरोसा न करना जरूरी है।

इस घटना ने सोशल मीडिया और न्यूज़ प्लेटफॉर्म्स पर ध्यान खींचा है, लेकिन तथ्य यह है कि ट्रम्प के अभियान में जुटाए गए चंदे का विवरण और बड़े भारतवंशी नेताओं का कोई सीधा संबंध नहीं मिला है।

नोएडा स्टूडियो पॉडकास्ट देखें